

कानपुर देहात। आतिशबाजी की कीमतों में भारी इजाफा होने के बाद भी दीपावली के लिए नगरीय क्षेत्र में सजे आतिशबाजी के स्टालों पर पहुंचे युवाओं ने जमकर आतिशबाजी की खरीददारी की। पिछले साल के 192 के सापेक्ष इस साल फुटकर बिक्री के लिए 215 विक्रेताओं को लाइसेंस जारी हुए। जबकि गांवों में बिना लाइसेंस के धड़ल्ले से आतिशबाजी बिक्री जारी है। वहीं जिले में ग्रीन पटाखों की कहीं पर भी बिक्री नहीं दिखाई दी।
जिले में आतिशबाजी बनाने व बिक्री के लिए 27 लाइसेंस धारक हैं। जबकि दीपावली के मौके पर हर साल आतिशबाजी बिक्री के लिए सीजनल लाइसेंस जारी किए जाते हैं। पिछले साल दीपावली में 192 कारोबारियों को अस्थाई बिक्री के लिए सीजनल लाइसेंस जारी हुए थे। जबकि इस साल इनकी संख्या बढ़कर 215 हो गई है। इनमें सर्वाधिक 80 लाइसेंस अकबरपुर तहसील क्षेत्र मे जारी हुए है। जबकि पिछले साल यहां 67 लाइसेंस जारी हुए थे। इसी तरह डेरापुर तहसील में 35 के सापेक्ष 42, रसूलाबाद में 29 के सापेक्ष 31 व मैथा में 25 के सापेक्ष 28 सीजनल लाइसेंस जारी हुए है। इनके अलावा सिकंदरा में 22 की जगह इस बार सिर्फ 12 लाइसेंस ही जारी हो पाए हैं। वहीं भोगनीपुर में पिछले साल की तरह इस बार भी 22 सीजनल लाइसेंस ही बनाए गए हैं।आतिशबाजी के सीजनल विक्रेताओं को नगरीय क्षेत्रों व बड़े कस्बों में खुले मैदानों में जगह चिह्नित कर स्टाल लगवाए गए हैं।
– कस्बों में सजे स्टालों पर जमकर हो रही आतिशबाजी की बिक्री
दीपावली में सतरंगी रोशनी के बीच आतिश बाजी का अलग ही क्रेज रहता है। इसके लिए अकबरपंुर इंटर कालेज के अलावा,रसूलाबाद, झींझक सिकंदरा, शिवली, राजपुर, मूसानगर, डेरापुर आदि प्रमुख कस्बों में आतिशबाजी की दुकानें सज गई। सुरक्षा के मद्देनजर मैदान को आतिशबाजी के स्टालों को लगाने के लिए अधिकृत किया गया है।लेकिन कुछ स्थानों पर मानकों की अनदेखी व अग्निसुरक्षा इंतजाम की खाना पूरी कर स्टाल लगाए गए हैं। वहीं गांवों में तो आबादी क्षेत्र में भंडारण के साथ बिना लाइसेंस के खुलेआम सुतली बम व तेज आवाज पटाखों की धड़ल्ले से आतिशबाजी की बिक्री हो रही है। जबकि आकाश में तेज आवाज वाले रायल स्लूट का बाजार में जलवा दिख रहा है। वहीं अनार व तेज आवाज वाले रंगतारा, जानेमन तथा सुतली बमों की जमकर खरीददारी हुई। छोटे बच्चों ने अनार, फुलझड़ी, महताब व फिरंगी पटाखे पसंद कर रहे हैं।
-इस बार डेढ़ गुनी कीमत में मिल रही आतिशबाजी
अकबरपुर के विक्रेताओं ने बताया कि पिछले साल के सापेक्ष इस साल आतिश बाजी की कीमतों में भारी इजाफा हुआ है। कुछ सामान तो लगभग डेढ़ गुने तक महंगे हो गए हैं। इन लोगों ने बताया कि दो सौ रुपये वाला छोटा अनार इस बार 350 रुपये में बिका। जबकि मीडियम 550 रुपये व बडा 700 में अनार का डिब्बा तथा सौ रुपये में बिकने वाली दस फुलझड़ी इस बार दो सौ रुपये तक में बिकी। जबकि आतिशबाजी के तमाम आइटमों में डेढ़ गुना तक इजाफा हो गया है। वहीं आतिशबाजी के अन्य सामान में भी 15 से बीस फीसदी तक इजाफा हुआ है। इसके बाद भी बाजार में आतिशबाजी की जमकर खरीद हो रही है।
– नौ बड़ी दमकल गाड़ियों के सहारे अग्निसुरक्षा इंतजाम
जिले में दीपावली के मौके पर सुरक्षित ढंग से आतिशबा जी की बिक्री के लिए नगर निकायों के साथ ही कस्बों में आतिशबाजी बिक्री के लिए खुले मैदान में स्टाल लगाने के निर्देश दिए गए हैं। इसके बाद भी लोग मानकों की अनदेखी कर भारी मात्रा में आबादी क्षेत्र में असुरक्षित ढंग से आतिशबाजी का भंडारण किए हैं। मुख्य अग्निशमन अधिकारी प्रतीक श्रीवास्तव के अनुसार आग की घटनाओं पर नियंत्रण के लिए अकबरपुर, रूरा, शिवली, झींझक, रसूलाबाद,डेरापुर, पुखरायां, सिकंदरा में एक-एक दमकल गाडी टीम सहित लगाई गई है। इसके के अलावा जिला मुख्यालय पर दमकल गाड़ी को अग्निसुरक्षा के लिए मुस्तैद किया गया था।



